हिंदू त्योहार · नई दिल्ली के लिए गणना

गुरु पूर्णिमा 2027 कब है — पूर्णिमा पूजा का समय

2027 में नई दिल्ली में गुरु पूर्णिमा रविवार, 18 जुलाई 2027 को है। आषाढ़ पूर्णिमा — गुरुओं और व्यास का सम्मान।

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तारीख़रविवार, 18 जुलाई
पूर्णिमा पूजा का समयसुबह 5:35 – दोपहर 12:27
पूर्णिमा आरंभशाम 6:49, 17 जुलाई
पूर्णिमा समाप्तरात 9:15, 18 जुलाई

पूर्णिमा पूजा का समय: सुबह, सूर्योदय से मध्याह्न तक, जब तक तिथि रहे।

तारीख़ कैसे तय होती है

आषाढ़ पूर्णिमा — जिस दिन सूर्योदय के समय पूर्णिमा हो और सूर्योदय के बाद कम से कम तीन मुहूर्त (लगभग 2 घंटे 24 मिनट) रहे; नहीं तो उससे पिछले दिन।

आने वाले वर्षों की तारीख़ें (नई दिल्ली)

वर्षतारीख़पूर्णिमा पूजा का समय
2026बुधवार, 29 जुलाई · बीत चुका
पूर्णिमा: शाम 6:19, 28 जुलाई → रात 8:06, 29 जुलाई
सुबह 5:41 – दोपहर 12:28
2027रविवार, 18 जुलाई
पूर्णिमा: शाम 6:49, 17 जुलाई → रात 9:15, 18 जुलाई
सुबह 5:35 – दोपहर 12:27
2028गुरुवार, 6 जुलाई
पूर्णिमा: रात 11:04, 5 जुलाई → रात 11:41, 6 जुलाई
सुबह 5:29 – दोपहर 12:26
2029बुधवार, 25 जुलाई
पूर्णिमा: शाम 7:51, 24 जुलाई → शाम 7:06, 25 जुलाई
सुबह 5:39 – दोपहर 12:28

नई दिल्ली का उस दिन का पूरा पंचांग देखें →

आपके शहर में

तिथि हर जगह एक ही क्षण बदलती है, पर सूर्योदय, सूर्यास्त, आधी रात और चंद्रोदय स्थानीय होते हैं — इसलिए त्योहार का दिन शहर-शहर में अलग हो सकता है, ख़ासकर विदेश में।

तारीख़रविवार, 18 जुलाई 2027
पूर्णिमा पूजा का समयसुबह 5:35 – दोपहर 12:27

दिल्ली का पूरा पंचांग →

2027 में जिन शहरों की तारीख़ अलग है

त्योहार के बारे में

आषाढ़ की पूर्णिमा, गुरु पूर्णिमा, अपने गुरुओं का सम्मान करने का दिन है — चाहे वे आध्यात्मिक हों, पढ़ाई के हों या कला के। इसे व्यास पूर्णिमा भी कहते हैं, ऋषि व्यास के नाम पर, जिन्हें वेदों का विभाजन करने और महाभारत व पुराणों की रचना का श्रेय दिया जाता है, और जिनका जन्मदिन यही माना जाता है।

शिष्य फूल, फल और भेंट लेकर अपने गुरुओं के पास जाते हैं और चरण स्पर्श करते हैं; मठों और आश्रमों में गुरु पूजा होती है; शास्त्रीय संगीतकार और नर्तक अपने घराने के गुरुओं को याद करते हैं। बौद्ध इसी पूर्णिमा को वह दिन मानते हैं जब बुद्ध ने सारनाथ में पहला उपदेश दिया, और जैन वह दिन जब महावीर ने अपना पहला शिष्य स्वीकार किया। इसी से चातुर्मास भी शुरू होता है, संन्यासियों का वर्षा ऋतु का चार महीने का एक जगह ठहराव।

दिन वह लिया जाता है जिस दिन सूर्योदय के समय पूर्णिमा हो और उसके बाद कम से कम तीन मुहूर्त रहे; नहीं तो पिछला दिन।

आम सवाल

गुरु पूर्णिमा 2027 कब है?

नई दिल्ली में गुरु पूर्णिमा 2027 रविवार, 18 जुलाई 2027 को है। पूर्णिमा: शाम 6:49, 17 जुलाई → रात 9:15, 18 जुलाई।

गुरु पूर्णिमा 2027 में पूर्णिमा पूजा का समय क्या है?

नई दिल्ली के लिए: सुबह 5:35 – दोपहर 12:27। यह समय शहर के अपने सूर्योदय और सूर्यास्त से निकाला गया है, इसलिए दूसरे शहरों में यह कुछ मिनट या उससे ज़्यादा अलग होगा।

क्या गुरु पूर्णिमा की तारीख़ हर शहर में एक ही है?

2027 में ज़्यादातर शहरों में नहीं बदलती, पर सैन फ़्रांसिस्को में तारीख़ अलग है, क्योंकि वहाँ का सूर्योदय, सूर्यास्त या चंद्रोदय तिथि के बदलने के समय के दूसरी ओर पड़ता है।

गुरु पूर्णिमा पर किसका सम्मान किया जा सकता है?

किसी भी गुरु का। यह दिन आध्यात्मिक गुरुओं और व्यास के सम्मान से शुरू हुआ, पर आज विद्यार्थी अपने स्कूल और संगीत के शिक्षकों, मार्गदर्शकों और माता-पिता को भी धन्यवाद देते हैं।